
Mangal Vakri Effect In Zodiac Signs: साल 2024 खत्म होने से लेकर साल 2025 शुरू होने तक कई ग्रहों का राशि परिवर्तन हो रहा है. इसी क्रम में प्रतिष्ठा, पराक्रम, भूमि, संपत्ति, पुत्र और धन-धान्य के कारक मंगल ग्रह भी वक्री हो चुके हैं. ऐसा करिश्मा 7 दिसंबर 2024 को प्रात: 7:00 बजे हुआ है, जोकि 24 फरवरी 2025 यानी 80 दिनों तक रहेगा. हालांकि, मंगल का वक्री काल कर्क राशि में ही रहेगा. मंगल ग्रह के वक्री होने से सभी राशि के जातकों पर अलग-अलग प्रभाव देखने को मिल सकता है. कुछ राशिवाले जहां मालामाल होंगे, वहीं कुछ के लिए ये परेशानी का कारण बन सकता है. अब सवाल है कि आखिर मंगल का वक्री होना किन राशिवालों के लिए चुनौती साबित होगा? इस बारे में Bharat.one को बता रहे हैं प्रतापविहार गाजियाबाद के ज्योतिषाचार्य राकेश चतुर्वेदी-
ज्योतिषाचार्य बताते हैं, 7 दिसंबर को मंगल कर्क राशि में वक्री हो चुके हैं. मंगल को सभी ग्रहों का सेनापति कहा जाता है. मंगल ग्रह को मेष और वृश्चिक राशि का स्वामित्व प्राप्त है. यह मकर राशि में उच्च होता है, जबकि कर्क इसकी नीच राशि है. मंगल के कर्क राशि में वक्री होने से सभी 12 राशियां प्रभावित होंगी. इस दौरान कर्क, वृश्चिक, मकर, कुंभ राशिवालों को विशेष सावधानी की जरूरत है. क्योंकि, इन राशि वालों पर मंगल ग्रह भारी पड़ सकता है.
इन 4 राशि के जातकों पर मंगल पड़ सकता भारी
कर्क: मंगल के वक्री होने से कर्क राशि के जातकों में आत्मविश्वास की कमी देखी जा सकती है. मन परेशान भी रहेगा. बातचीत में संतुलन बनाए रखें. कार्यक्षेत्र में परिवर्तन हो सकता है. कठिनाइयां आ सकती हैं. ऐसे में धैर्यशीलता बनाए रखना लाभकारी होगा.
वृश्चिक: मंगल का निगेटिव प्रभाव वृश्चिक राशि वालों पर भी देखने को मिल सकता है. इन लोगों के मन में उतार-चढ़ाव रहेंगे. खुद के साथ-साथ जीवनसाथी और पिता के स्वास्थ्य पर संकट आ सकता है. व्यर्थ के क्रोध व वाद-विवाद से बचना समझारी होगा.
मकर: मंगल के प्रभाव से मकर राशि वाले किसी अज्ञात भय से परेशान हो सकते हैं. नौकरी के लिए साक्षात्कारादि कार्यों में निसफलता हाथ लग सकती है. इसलिए मन में भटकाव को हावी न होने दें. हालांकि, धैर्यशीलता में वृद्धि होगी.
कुंभ: मंगल का वक्री होने से 80 दिन तक कुंभ राशि वालों के मन में भटकाव रहेगा. इससे कारोबार में कठिनाइयां हो सकती हैं. कार्यक्षेत्र में परिवर्तन आपको परेशान कर सकता है. धन का संकट बन सकता है. ऐसे में क्रोध व आवेश के अतिरेक से बचें.
FIRST PUBLISHED : December 7, 2024, 10:55 IST







