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जयसमंद अभयारण्य में वन विभाग इको टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए नई योजनाओं पर काम कर रहा है. यहां आने वाले पर्यटकों को अब काफी सुविधाएं मिलेंगी. आपको बता दें, कि वन विभाग की इस पहल से जहां जयसमंद सैन्क्चुअरी इको…और पढ़ें
जयसमंद झील
हाइलाइट्स
- जयसमंद अभयारण्य में इको टूरिज्म को बढ़ावा मिलेगा
- पर्यटकों के लिए कैफेटेरिया, जिप लाइन और इको ट्रेल सुविधाएं मिलेंगी
- स्थानीय ग्रामीणों को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे
उदयपुर:- जिले से करीब 50 किलोमीटर दूर स्थित जयसमंद अभयारण्य में वन विभाग इको टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए नई योजनाओं पर काम कर रहा है. इसके तहत अभयारण्य में कैफेटेरिया, जिप लाइन और इको ट्रेल जैसी नई सुविधाएं विकसित की जाएंगी, जिससे पर्यटकों को बेहतर अनुभव मिलेगा और स्थानीय ग्रामीणों के लिए रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे. वन विभाग ने इस संबंध में प्रस्ताव तैयार कर स्वीकृति के लिए भेज दिया है.
पर्यटकों को मिलेंगी नई सुविधाएं
आपको बता दें, कि जयसमंद अभयारण्य में आने वाले पर्यटकों को अब कैफेटेरिया, जिप लाइन और वॉक ट्रेल जैसी सुविधाएं मिलेंगी. अभी तक अभयारण्य में खाने-पीने की कोई अच्छी सुविधा नहीं थी, जिससे पर्यटकों को असुविधा होती थी. वन विभाग ने प्रस्तावित कैफेटेरिया को ईडीसी (वन सुरक्षा समिति) के माध्यम से संचालित करने का निर्णय लिया है, जिससे स्थानीय ग्रामीणों को भी प्रत्यक्ष रूप से जोड़ा जाएगा. बता दें, कि यह कैफेटेरिया झूमर बावड़ी और रूठी रानी महल पर विकसित किया जाएगा. झूमर बावड़ी में पर्यटकों के रोमांच को बढ़ाने के लिए एडवेंचर एक्टिविटीज जैसे जिप लाइन और वॉक ट्री तैयार किए जाएंगे. इसके अलावा, अभयारण्य के भीतर एक नई इको ट्रेल विकसित की जाएगी, जो पर्यटकों को जंगल के प्राकृतिक सौंदर्य और जैव विविधता का अनुभव करने का अवसर देगी.
स्थानीय ग्रामीणों को मिलेगा रोजगार
आपको बता दें, कि पर्यटन को बढ़ावा देने की इस पहल में स्थानीय ग्रामीणों की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी. ईडीसी (वन सुरक्षा समिति) के सदस्य न केवल इन नए आकर्षणों का संचालन करेंगे, बल्कि देखरेख और रखरखाव की जिम्मेदारी भी संभालेंगे. अभी जयसमंद पाल की देखरेख भी ईडीसी के सदस्य ही कर रहे हैं. बता दें कि साल 2023 में जयसमंद सेंचुरी में पैंथर सफारी शुरू की गई थी, जिसे पर्यटकों से अच्छी प्रतिक्रिया मिली थी. यहां सुबह 6 से 9 बजे और शाम 4 से 7 बजे तक जीप सफारी करवाई जाती है. अब कैफेटेरिया, जिप लाइन और इको ट्रेल जुड़ने से पर्यटकों की संख्या में और वृद्धि होने की संभावना है.
जयसमंद झील को विकसित करने की योजना
आपको बता दें, कि राज्य सरकार ने हर जिले के पंच गौरव को प्रमोट करने की योजना बनाई है. इसके तहत प्रत्येक जिले के एक प्रमुख पर्यटन स्थल, एक उपज, एक वानस्पतिक प्रजाति, एक उत्पाद और एक खेल को प्रमोट किया जाएगा. ऐसे में सलूंबर जिले से जयसमंद झील और सेंचुरी को पर्यटन स्थल के रूप में चयनित किया गया है. इसके तहत जयसमंद झील को और आकर्षक बनाने के लिए हवा महल तक ट्रैक विकसित करने, रूठी रानी महल में लाइटिंग और गार्डन तैयार करने की योजना बनाई जा रही है. इससे जयसमंद झील और अभयारण्य में पर्यटकों की संख्या बढ़ने की उम्मीद है, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी बढ़ावा मिलेगा. वन विभाग की इस पहल से जहां जयसमंद सैन्क्चुअरी इको टूरिज्म का नया केंद्र बनेगी, वहीं स्थानीय ग्रामीणों को स्वरोजगार और रोजगार के नए अवसर भी मिलेंगे.
Udaipur,Rajasthan
March 18, 2025, 12:24 IST
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