Last Updated:
Hazaribagh Famous Mithai: हजारीबाग के इचाक प्रखंड की बालूशाही की दुर्गा पूजा पर खास डिमांड रहती है. इस दौरान लोग जमकर ये बेढंगे शेप की मिठाई खरीदते हैं और मेहमानों के घर भी ले जाते हैं. हलवाई कई दिन पहले से तैयारी शुरू कर देते हैं.
Hazaribagh Durga Puja Special Mithai: दुर्गा पूजा का पर्व आ चुका है. माता के पंडाल अब सज-धज कर तैयार हैं. दशमी और एकादशी के दिन हजारीबाग में बेहद धूमधाम के साथ जगह-जगह पर मेले का आयोजन किया जाता है. इस समय सबसे अधिक पारंपरिक मिठाई बालूशाही की डिमांड रहती है. हजारीबाग का इचाक प्रखंड अपनी इसी बालूशाही के लिए बेहद प्रसिद्ध है. यहां पर दूर-दूर से लोग इस पारंपरिक मिठाई का स्वाद लेने के लिए सालभर आते हैं, लेकिन दुर्गा पूजा के समय इसकी मांग में काफी इजाफा हो जाता है.
दुर्गा पूजा नजदीक आते ही कारीगर भी बालूशाही बनाने की तैयारी में जुट जाते हैं. यहां करीब दो दर्जन से अधिक दुकानों में बालूशाही तैयार करने का काम जोर-शोर से चल रहा है. स्थानीय दुकानदारों ने बताया कि वैसे तो हजारीबाग जिले के इचाक प्रखंड की बेढंग बालूशाही की डिमांड सालभर रहती है, लेकिन दुर्गा पूजा के समय लोग इसकी जमकर खरीदारी करते हैं. जो भी लोग रिश्तेदारों और परिवार के यहां मेहमान बनकर जाते हैं, वे बालूशाही जरूर लेकर जाते हैं.
गौरवशाली है इतिहास
इचाक प्रखंड की बालूशाही का गौरवशाली इतिहास रामगढ़ राज से जुड़ा हुआ है. उस कालखंड से ही यहां की बालूशाही मशहूर रही है. शुरुआती समय में इसे केवल घी से तैयार किया जाता था, लेकिन अब इसमें कई वैरायटी देखने को मिलती हैं. स्थानीय निवासी बीरबल मेहता बताते हैं कि यहां की बालूशाही बेहद मशहूर है. दूर-दूर से लोग इसका स्वाद चखने के लिए आते हैं. नवरात्रि की शुरुआत के साथ ही इसकी मांग और अधिक बढ़ जाती है. लोग माता की पूजा-अर्चना से लेकर रिश्तेदारों के यहां तक इस मिठाई को लेकर जाते हैं. मेले में घूमने आए लोग भी इसकी जमकर खरीदारी करते हैं.
बेढंगा आकार आता है पसंद
इस बालूशाही की खासियत है कि यह बाहर से खस्ता और अंदर से बेहद नरम होती है. साथ ही इसका आकार भी बेढंगा होता है, जिस कारण से ग्राहक इसका जमकर स्वाद उठाते हैं. बालूशाही खरीदने आई महिला रुचि सिंह ने बताया कि यहां की बालूशाही बेहद मशहूर और स्वादिष्ट है. सालों से जब भी इस रास्ते से गुजरना होता है तो बालूशाही का स्वाद जरूर लिया जाता है.
दुर्गा पूजा के मौके पर पारंपरिक मिठाइयों की डिमांड हमेशा बढ़ जाती है. हजारीबाग के इचाक प्रखंड की बालूशाही न केवल स्वाद में बेजोड़ है, बल्कि यह लोगों की भावनाओं और परंपरा से भी जुड़ी हुई है. यही कारण है कि दशमी और एकादशी के मेले में यहां की बालूशाही की मिठास हर घर तक पहुंचती है.

बुंदेलखंड यूनिवर्सिटी से मास कम्यूनिकेशन एंड जर्नलिज़्म में मास्टर्स, गोल्ड मेडलिस्ट. पत्रकारिता का सफर दैनिक जागरण से शुरू हुआ, फिर प्रभात खबर और ABP न्यूज़ से होते हुए Bharat.one Hindi तक पहुंचा. करियर और देश की …और पढ़ें
बुंदेलखंड यूनिवर्सिटी से मास कम्यूनिकेशन एंड जर्नलिज़्म में मास्टर्स, गोल्ड मेडलिस्ट. पत्रकारिता का सफर दैनिक जागरण से शुरू हुआ, फिर प्रभात खबर और ABP न्यूज़ से होते हुए Bharat.one Hindi तक पहुंचा. करियर और देश की … और पढ़ें
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
https://hindi.news18.com/news/lifestyle/recipe-balushahi-mithai-demand-increases-in-durga-puja-famous-local18-ws-l-9684388.html

















