Tuesday, March 3, 2026
22 C
Surat
[tds_menu_login inline="yes" guest_tdicon="td-icon-profile" logout_tdicon="td-icon-log-out" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiNiIsIm1hcmdpbi1ib3R0b20iOiIwIiwibWFyZ2luLWxlZnQiOiIyNSIsImRpc3BsYXkiOiIifSwicG9ydHJhaXQiOnsibWFyZ2luLXJpZ2h0IjoiMiIsIm1hcmdpbi1sZWZ0IjoiMTYiLCJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBvcnRyYWl0X21heF93aWR0aCI6MTAxOCwicG9ydHJhaXRfbWluX3dpZHRoIjo3NjgsImxhbmRzY2FwZSI6eyJtYXJnaW4tcmlnaHQiOiI1IiwibWFyZ2luLWxlZnQiOiIyMCIsImRpc3BsYXkiOiIifSwibGFuZHNjYXBlX21heF93aWR0aCI6MTE0MCwibGFuZHNjYXBlX21pbl93aWR0aCI6MTAxOX0=" icon_color="#ffffff" icon_color_h="var(--dark-border)" toggle_txt_color="#ffffff" toggle_txt_color_h="var(--dark-border)" f_toggle_font_family="global-font-2_global" f_toggle_font_transform="uppercase" f_toggle_font_weight="500" f_toggle_font_size="13" f_toggle_font_line_height="1.2" f_toggle_font_spacing="0.2" ia_space="0" menu_offset_top="eyJhbGwiOiIxNCIsInBvcnRyYWl0IjoiMTIiLCJsYW5kc2NhcGUiOiIxMyJ9" menu_shadow_shadow_size="16" menu_shadow_shadow_color="rgba(10,0,0,0.16)" f_uh_font_family="global-font-1_global" f_links_font_family="global-font-1_global" f_uf_font_family="global-font-1_global" f_gh_font_family="global-font-1_global" f_btn1_font_family="global-font-1_global" f_btn2_font_family="global-font-1_global" menu_uh_color="var(--base-color-1)" menu_uh_border_color="var(--dark-border)" menu_ul_link_color="var(--base-color-1)" menu_ul_link_color_h="var(--accent-color-1)" menu_ul_sep_color="#ffffff" menu_uf_txt_color="var(--base-color-1)" menu_uf_txt_color_h="var(--accent-color-1)" menu_uf_border_color="var(--dark-border)" show_version="" icon_size="eyJhbGwiOjIwLCJwb3J0cmFpdCI6IjE4In0=" menu_gh_color="var(--base-color-1)" menu_gh_border_color="var(--dark-border)" menu_gc_btn1_color="#ffffff" menu_gc_btn1_color_h="#ffffff" menu_gc_btn1_bg_color="var(--accent-color-1)" menu_gc_btn1_bg_color_h="var(--accent-color-2)" menu_gc_btn2_color="var(--accent-color-1)" menu_gc_btn2_color_h="var(--accent-color-2)" f_btn2_font_size="13" f_btn1_font_size="13" toggle_hide="yes" toggle_horiz_align="content-horiz-center" menu_horiz_align="content-horiz-center" f_uh_font_weight="eyJsYW5kc2NhcGUiOiI3MDAiLCJhbGwiOiI3MDAifQ==" f_gh_font_weight="700" show_menu="yes" avatar_size="eyJhbGwiOiIyMiIsImxhbmRzY2FwZSI6IjIxIiwicG9ydHJhaXQiOiIxOSJ9" page_0_title="My Articles" menu_ul_sep_space="0" page_0_url="#"]

राजस्थान की पारंपरिक रसोई का खज़ाना – मसाला टिक्कड़, सर्दियों में स्वाद और सेहत दोनों का अनोखा अनुभव


Last Updated:

Rajasthani Masala Tikkad Recipe: राजस्थान की रसोई का जिक्र मसाला टिक्कड़ के बिना अधूरा है. गेहूं, बाजरा और चने के आटे से बनी यह पारंपरिक डिश सर्दियों में स्वाद और सेहत दोनों का मज़ा देती है. मसालों और घी की खुशबू से भरपूर मसाला टिक्कड़ न सिर्फ़ खाने वालों को लुभाती है, बल्कि राजस्थान की परंपरा और संस्कृति का स्वाद भी कराती है.

जोधपुर

राजस्थान की पारंपरिक रेसिपियों का जिक्र हो और मसाला टिक्कड़ की बात न हो, ऐसा हो ही नहीं सकता. यह डिश स्वाद में लाजवाब होने के साथ-साथ सेहत के लिए भी फायदेमंद मानी जाती है. खासकर सर्दियों में इसे बनाने और खाने का चलन अधिक होता है. राजस्थान की मिट्टी की खुशबू से जुड़ी यह पारंपरिक डिश आज भी हर घर के स्वाद और परंपरा की पहचान बनी हुई है.

जोधपुर

मसाला टिक्कड़ में गेहूं, बाजरा और चने का आटा मिलाकर तैयार किया जाता है, जो इसे स्वादिष्ट और सेहतमंद दोनों बनाता है. इन आटे के मिश्रण से टिक्कड़ न केवल स्वादिष्ट बनते हैं, बल्कि पोषण से भरपूर भी होते हैं. राजस्थान के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में यह रेसिपी समान रूप से लोकप्रिय है. राजस्थान की सांस्कृतिक और पाक परंपराओं में मसाला टिक्कड़ आज भी खास स्थान बनाए हुए है.

जोधपुर

राजस्थान की पारंपरिक रेसिपी मसाला टिक्कड़ तैयार करने के लिए स्वाद और पोषण दोनों का ध्यान रखा जाता है इस डिश को बनाने के लिए आवश्यक सामग्री में गेहूं का आटा, बाजरा का आटा, चने का आटा (बेसन), उबले आलू, प्याज, हरी मिर्च, हरा धनिया, जीरा, अजवाइन, सौंफ, साबुत धनिया के बीज, मिर्च पाउडर, धनिया पाउडर, हल्दी, कसूरी मेथी, नमक और घी शामिल हैं. इन मसालों और सामग्री के सही मेल से ही मसाला टिक्कड़ का असली स्वाद और खुशबू सामने आती है.

जोधपुर

मसाला टिक्कड़ की तैयारी में हर कदम पर सामग्री का सही संतुलन इसका स्वाद और सुगंध तय करता है. सबसे पहले आटे को अच्छी तरह मिलाकर उसमें मैश किए हुए उबले आलू डालें. फिर इसमें प्याज, हरी मिर्च, हरा धनिया, जीरा, अजवाइन, सौंफ और साबुत धनिया के बीज डालकर मिलाएं. इसके बाद मसाले-मिर्च पाउडर, धनिया पाउडर, हल्दी, कसूरी मेथी और नमक मिश्रण में मिलाएं.

जोधपुर

गरमा गरम मसाला टिक्कड़ की खुशबू ही खाने वालों को लुभा देती है. थोड़ा पानी डालकर नरम आटा गूंथ लें और इसे ढककर 5 मिनट के लिए रख दें. आटे से छोटी-छोटी लोइयां बनाएं और बेलन से बेल लें. बेलते समय रोटियों पर छोटे-छोटे छेद कर दें. तवे को गर्म करके टिक्कड़ को दोनों तरफ से अच्छे से सेंकें. इसके बाद घी लगाकर दोबारा सेंक लें. इस तरह गरमा गरम मसाला टिक्कड़ तैयार हो जाते हैं. इसे दही, रायता या अपनी पसंदीदा सब्जी के साथ परोसा जा सकता है.

जोधपुर

राजस्थान की मिट्टी और मसालों की खुशबू से जुड़ी यह डिश हर किसी के लिए खास अनुभव प्रदान करती है. मसाला टिक्कड़ न केवल स्वाद में अनोखी है, बल्कि यह राजस्थान की पारंपरिक संस्कृति और खानपान की धरोहर को भी दर्शाती है. सर्दियों में इसे खाने से शरीर को गर्मी और ऊर्जा मिलती है. घर पर इस रेसिपी को बनाकर आप परिवार और दोस्तों के साथ राजस्थान के पारंपरिक स्वाद का आनंद ले सकते हैं. मसाला टिक्कड़ को बनाना आसान है और इसका स्वाद हर उम्र के लोगों को पसंद आता है. मसाला टिक्कड़ राजस्थान की पारंपरिक पाक कला का स्वादिष्ट और पोषण से भरपूर प्रतीक बनकर हमेशा याद रखा जाएगा.

न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।
homelifestyle

राजस्थान की मसाला टिक्कड़: सर्दियों में स्वाद और सेहत का अनोखा अनुभव


.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.

https://hindi.news18.com/photogallery/lifestyle/recipe-rajasthani-masala-tikka-local18-ws-kl-9705053.html

Hot this week

Ravi Pradosh vrat 2026 today in Ravi Pushya Yoga know puja vidhi and muhurt and shiv mantra shiv ji ki aarti | शुभ योग...

Ravi Pradosh vrat 2026: आज रवि प्रदोष व्रत...

Topics

Ravi Pradosh Vrat Katha in hindi | रवि प्रदोष व्रत कथा

होमताजा खबरधर्मआज रवि प्रदोष व्रत, शिव पूजन के...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img