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हरे पत्तों का नहीं, इस बार बनाएं पीले सनई के फूलों का साग, लगाएं पंचफोरन का छौंक, बनेगा लाजवाब, बिहारी रेसिपी – Bihar News

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मुजफ्फरपुर. सर्दियों के मौसम में देसी और पारंपरिक सब्जियों की मांग बढ़ जाती है. इन्हीं में से एक है सनई के फूल का साग, जिसे ठंड के दिनों में काफी पसंद किया जाता है. ग्रामीण इलाकों से लेकर शहरी रसोई तक सनई के फूल से बने साग की खास पहचान है. स्वाद के साथ-साथ यह साग सेहत के लिहाज से भी फायदेमंद माना जाता है, यही वजह है कि सर्दी आते ही बाजारों में सनई के फूल की अच्छी खपत देखने को मिलती है.

सर्दियों में किया जाता है खासा पसंद
सस्थानीय सब्जी विक्रेताओं के अनुसार, सर्दियों में लोग हरी और देसी सब्जियों की ओर ज्यादा रुख करते हैं. सनई के फूल का साग इस मौसम में आसानी से उपलब्ध हो जाता है और इसे बनाना भी अपेक्षाकृत आसान है. यही कारण है कि घरों में महिलाएं इसे खासतौर पर दोपहर या रात के भोजन में शामिल कर रही हैं.

सनई के फूल का साग बनाने के लिए सबसे पहले फूलों को अच्छी तरह साफ पानी से धो लिया जाता है, ताकि उनमें लगी मिट्टी और धूल पूरी तरह निकल जाए. इसके बाद कढ़ाई को गर्म कर उसमें सरसों का तेल डाला जाता है. तेल के अच्छे से गर्म होने पर सनई के फूल उसमें डालकर धीमी आंच पर अच्छी तरह भूने जाते हैं. जब फूल हल्के नरम हो जाएं और उनका कच्चापन खत्म हो जाए, तो उन्हें कढ़ाई से निकाल लिया जाता है.

लगता है पंचफोरन का छौंक
इसके बाद उसी कढ़ाई में दोबारा सरसों का तेल डाला जाता है और उसमें पंचफोरन डाला जाता है. पंचफोरन में सरसों, मेथी, जीरा, सौंफ और काली सरसों शामिल होती है. मसालों के चटकते ही उसमें बारीक कटा हुआ प्याज और हरी मिर्च डालकर सुनहरा होने तक भूना जाता है. फिर इसमें लहसुन, सरसों, अदरक, जीरा और काली मिर्च पीसकर तैयार किया गया मसाला डाला जाता है.

स्वाद बढ़ाने के लिए पड़ता है यह खास आइटम
अब इसमें हल्दी पाउडर, मिर्च पाउडर और स्वादानुसार नमक डालकर मसालों को अच्छी तरह भून लिया जाता है, ताकि खुशबू आने लगे. इसके बाद साग का स्वाद और मात्रा बढ़ाने के लिए फुली हुई चने की दाल या मटर डाली जाती है और हल्का भुना जाता है, जिससे उसका कच्चापन दूर हो जाए.

आखिर में पानी मिलाएं, पकाएं…बस तैयार है साग
जब सभी सामग्री अच्छे से भुन जाएं, तब इसमें पहले से भुना हुआ सनई का साग डाल दिया जाता है. अगर रस वाली सब्जी पसंद हो तो जरूरत के अनुसार पानी मिलाया जाता है. पानी डालने के बाद कढ़ाई को ढककर करीब पांच मिनट तक पकने दिया जाता है. इस तरह स्वादिष्ट सनई के फूल का साग तैयार हो जाता है, जो सर्दियों में खास पसंद किया जाता है.


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https://hindi.news18.com/news/lifestyle/recipe-sanai-phool-saag-cooked-with-panchphoran-sarso-tael-recipe-winter-special-local18-ws-l-9978831.html

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