
लखनऊ: सन् 1937 यानी पिछले 75 सालों से रत्तीलाल की दुकान लखनऊ वासियों के दिलों पर राज कर रही है. यहां के खस्ते-छोले का स्वाद लोगों के सिर चढ़कर बोलता है. इसका कारण यह भी है कि यहां के छोले में तेल-मसाले का उपयोग कम होता है, जिससे यह आसानी से पच जाता है. इसके साथ ही, यहां की साफ-सफाई और यहां का छोला-खस्ता बिल्कुल ताजा बना होता है.
देशी घी में बनता है
यहां के खस्ते की विशेष खासियत ये है कि ये देशी घी में बना होता है. देशी घी का मोएन दिए जाने के कारण यह बहुत कुरकुरा और मुलायम होता है. यहां के खस्ते में उड़द की दाल पड़ी होती है, जिससे इसका स्वाद और भी बढ़ जाता है. इसके अलावा, छोले-खस्ते के साथ-साथ यहां की जलेबी भी बहुत प्रसिद्ध है. यहां की जलेबी खाने के लिए लोग दूर-दूर से आते हैं. छोले-खस्ते की तरह यहां की जलेबी भी स्पेशल है.
दुकान का अनूठापन
रत्तीलाल की दुकान सुबह चार बजे से शुरू होकर देर रात तक चलती है. सुबह चार बजे से ही छोला-खस्ता के प्रेमियों की भीड़ लगनी शुरू हो जाती है. इस दुकान की एक खास बात यह भी है कि लखनऊ में आए बारातियों के लिए सुबह का नाश्ता भी यहां ऑर्डर पर मिलता है. इसके लिए रत्तीलाल की स्पेशल पैकिंग होती है. इसमें बारातियों के लिए छोले-खस्ते, जलेबी आदि को पैक किया जाता है.
अन्य प्रसिद्ध आइटम्स
रत्तीलाल की दुकान के अन्य आइटम्स की बात करें, तो यहां पोहा और तरह-तरह की मिठाइयां मिलती हैं. इनकी कुछ विशेष मिठाइयां भी हैं, जिन्हें यह अपने सीक्रेट इंग्रीडिएंट्स से तैयार करते हैं. यहां आने वाले ग्राहक बताते हैं कि इस दुकान पर मिलने वाले आइटम्स का स्वाद शुरुआत से लेकर अब तक एक जैसा और शानदार बना हुआ है. यही वजह है कि यहां ग्राहकों की भीड़ लगी रहती है.
FIRST PUBLISHED : December 19, 2024, 09:07 IST
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https://hindi.news18.com/news/lifestyle/recipe-rattilal-khasta-made-with-pure-ghee-famous-sweets-75-year-old-shop-local18-8900631.html

















