
आपको आयुष्मान खुराना की फिल्म ‘बाला’ याद है? इस फिल्म में धीरे-धीरे गंजे होते बाला की जिंदगी का बस एक ही मकसद था, किसी भी तरह उसके सिर पर बाल उग जाएं. वो तो फिल्म थी, लेकिन आजकल की बदलती लाइफस्टाइल और प्रदूषण की वजह से गंजापन मर्दों के बीच होने वाली एक आम परेशानी बन गई है. भरी जवानी में सिर से उड़ते बाल कई पुरुषों के लिए घटते कॉन्फिडेंस की वजह बन जाता है. लेकिन ऐसे में अगर कोई आपके सिर पर बालों की लहलहाती फसल उगाने का दावा कर दे उसके पीछे भीड़ लगना लाजमी ही है. ऐसा ही हुआ जब एक वायरल वीडियो में मात्र 20 रुपये में गंजों के बाल उगाने का दावा किया गया. वीडियो कुछ ऐसा वायरल हुआ कि मेरठ में लोग 20 रुपए में गंजे सिर पर बाल उगाने के लिए पहुंचे गए और लंबी-लंबी लाइने लग गईं.
गंजेपन के इलाज के लिए दौड़ पड़े लोग
मेरठ में सलमान नाम का एक शख्स बीच सड़क पर 20 रुपये में गंजेपन का इलाज कर रहा है. सिर पर बाल उगाने के लिए सड़क पर गंजे लोगों की लाइनें लग गईं. खुद को दिल्ली का बताने वाला ये शख्स 300 रुपए में इस तेल की बोतल बेच रहा है. ये पहला मौका नहीं है, जब गंजेपन का शर्तिया इलाज करने का कोई दावा कर रहा है. देश के तमाम शहरों में आपको ऐसे लोग बीच सड़क पर गंजेपन और दाद खाज खुजली की दवाएं बेचते हुए नजर आ जाएंगे. अक्सर अपने परेशानी से जूझ रहे लोग ऐसे दावों में फंस भी जाते हैं. लेकिन क्या गंजेपन का इलाज हो सकता है? क्या एक बार सिर से गायब हुए बाल कभी वापस आ सकते हैं? आखिर ऐसे जादुई तेलों से बाल कैसे उग जाते हैं? आइए एक्सपर्ट्स से जानते हैं.
हां, गंजे सिर पर उग सकते हैं बाल
मुंबई के प्रसिद्ध एस्थेटिक मेडिसिन फेलो और स्किन स्पेशलिस्ट, ट्राइकोलॉजिस्ट और हेयर ट्रांसप्लांट सर्जन, डॉ. योगेश कल्याणपद बताते हैं कि दरअसल ये जो प्लांट बेस्ड केमिकल लगाते हैं, ये असल में इरीटेंट्स होते हैं. अगर आपको एलोपेसिया एरीटा ( ये एक ऑटोइम्यून बीमारी है, जिसमें शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली बालों के रोमों पर हमला करती है और बाल झड़ने लगते हैं) जैसी कोई कंडीशन है तो ऐसे इरीटेंट्स से सिर की त्वचा पर इरीटेशन होती है, जो डब्ल्यूबीसी अटैक करती है और तो आपको बालों की ग्रोथ दिख जाती है. इसलिए एलोपेसिया एरीटा की कंडीशन होने पर रिपीटिड एप्लीकेशन से रीग्रोथ आ सकती है. हम इसे तीन से 4 वीक के इंटरवेल में करते हैं, इससे रीग्रोथ आ जाती है.
डॉक्टर आगे बताते हैं कि यही वजह है कि जब सोशल मीडिया पर ऐसे वीडियो वायरल होते हैं, जिनमें तेल लगाकर गंजे सिरों पर बाल वापस आ जाते हैं, वो एलोपेसिया एरीटा की कंडीशन में होता है. ऐसी कंडीशन वाले लोगों में जब इस तरह के तेल लगाए जाते हैं तो कुछ केस में री-ग्रोथ दिख जाती है. लेकिन इसकी सबसे बड़ी परेशानी ये है कि इन इरीटेंट्स से कई बार सिर पर जलन, आंखों में सूजन, आंखों की रोशनी पर असर, लाल चकते पड़ने जैसी परेशानी भी हो सकती है.
जरूरी है कि डॉक्टर से लें सलाह
डॉ. योगेश बताते हैं कि लेकिन मेल पैटर्न बाल्डनेस में ऐसे केमिकल या इलाज काम नहीं करते. पुरुषों में होने वाले गंजेपन को मेल पैटर्न बाल्डनेस कहते हैं. ये एक जेनेटिक परेशानी है और पुरुषों में बाल झड़ने की यही सबसे बड़ी वजह भी है. इसके लिए कुछ दवाएं आती हैं, जो DHT में ब्लॉकिंग करते हैं. इसमें बालों के पतले होने पर ही इलाज शुरू किया जाता है, ताकि हेयर-थिनिंग को रोका जा सके. यही हेयर थिनिंग आगे चलकर परमानेंट गंजेपन में बदल जाती है. अगर दवाओं से मदद न मिले तो हेयर ट्रांसप्लांट का इस्तेमाल किया जा सकता है. डॉ. योगेश बताते हैं कि सोशल मीडिया पर ऐसे किसी तेल या क्रीम को देखकर उसके पीछे भागने से अच्छा है कि आप पहले ये समझें कि आपका गंजापन किस वजह से है. सही तरीके से इलाज लेने पर आप इस परेशानी से बच सकते हैं.
FIRST PUBLISHED : December 17, 2024, 18:18 IST
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https://hindi.news18.com/news/lifestyle/health-crowd-gathered-on-the-road-to-buy-20-rupees-baldness-medicine-oil-in-meerut-know-shocking-truth-from-hair-transplant-surgeon-8901866.html

















