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Home made skin cream : शतधौत घृत विशेष आयुर्वेदिक उपचार है.
बस्ती. घी तो हम सभी अपने व्यंजनों में डाल कर बड़े चाव के साथ खाते है इसके खाने से कई सारे स्वास्थ्य लाभ भी मिलते है. क्या आप जानते है कि इसके लगाने से भी कई सारे स्वास्थ्य लाभ मिलते है. जी है, इसे शरीर पर लगाकर कई सारे बीमारियों से मुक्ति पा सकते है. घी से एक विशेष प्रकार की क्रीम बनाई जाती है जिसे शतधौत घृत कहते है.
राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय रघुनाथपुर बस्ती के चिकित्साधिकारी डॉक्टर सौरभ BAMS, MS (अमृता विश्वविद्यापीठम यूनिवर्सिटी केरल) Bharat.one से बातचीत में बताते है कि \”शतधौत घृत\” जैसा कि नाम से ही प्रतीत होता है, यह घी से बनाया गया एक विशेष आयुर्वेदिक उपचार है. यह एक प्रकार का शुद्ध घी है जिसे विशेष प्रक्रिया से तैयार किया जाता है, और यह विशेष कर विभिन्न प्रकार के त्वचा समस्याओं के लिए अत्यधिक फायदेमंद माना जाता है. लेकिन इसके बनाने की प्रक्रिया और इसके लाभ के बारे में बहुत कम लोग जानते हैं.
कैसे बनाएं
डॉक्टर सौरभ बताते है कि आप इसे घर पर ही तैयार कर सकते हैं. आपको जरूरत होगी देसी गाय के शुद्ध घी की. आप इसे किसी भी गौशाला, या जो अपने घर पर गाय पालन कर रहे उनके यहां से आसानी से खरीद सकते हैं. आमतौर पर गौशाला या गाय पलकों के घर से मिलने वाला घी मार्केट में मिलने वाले घी की तुलना में 100 प्रतिशत तक शुद्ध होता है. शतधौत घृत को बनाने की प्रक्रिया अत्यंत आसान है. लेकिन समय ज्यादा लगता है. इसको तैयार करने के लिए 100 मिलीलीटर घी को पानी में अच्छे से धोने की प्रक्रिया की जाती है. यह धोने की प्रक्रिया लगभग 100 बार की जाती है, जिससे घी की शुद्धता और गुण काफी बढ़ जाते हैं. 100 बार धोने के बाद जो पेस्ट तैयार होता है, उसे शतधौत घृत कहा जाता है. यह पेस्ट अत्यधिक कोमल, हल्का और असरदार होता है, जो त्वचा के लिए बहुत फायदेमंद साबित होता है.
जलन कम, घाव भरने वाला
शतधौत घृत का उपयोग जलन, घाव में त्वरित राहत मिलती है. यह त्वचा को ठंडक प्रदान करता है और सूजन को कम करता है, जिससे घाव जल्दी ठीक होते हैं.डॉ. सौरभ बताते हैं कि मलत्याग के बाद मलद्वार में जलन या खुजली होने पर शतधौत घृत का उपयोग बहुत फायदेमंद होता है. इसे मल द्वार पर लगाने से आराम मिलता है और जलन भी शांत हो जाती है.
फटी एड़ियों के लिए फायदेमंद
ठंड के मौसम में या लगातार चलने से एड़ियाँ फट जाती हैं, जो दर्दनाक हो सकती हैं. कभी कभी एड़ियों में से खून भी निकलने लगता है. शतधौत घृत को फटी एड़ियों पर नियमित रूप से लगाने से एड़ियाँ नर्म और मुलायम हो जाती हैं. एक सप्ताह में ही इसके प्रभाव दिखाई देने लगते हैं. डॉ. सौरभ बताते हैं कि शतधौत घृत त्वचा के रूखेपन और सूखापन को दूर करने में काफी मदद करता है. खासकर होठों और चेहरे पर इसका उपयोग करने से त्वचा नर्म और ग्लोइंग बनती है. यह त्वचा को नमी प्रदान करता है और त्वचा की प्राकृतिक चमक को बढ़ाता है.
Basti,Uttar Pradesh
January 13, 2025, 23:55 IST
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