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How to eat curd: डॉ राजकुमार (डी. यू. एम) ने कहा कि विज्ञान और आयुर्वेद दोनों के अनुसार, दही अपने प्राकृतिक रूप में सबसे अधिक लाभकारी होता है. वैज्ञानिक दृष्टिकोण से देखा जाए, तो नमक मिलाने से प्रोबायोटिक्स का …और पढ़ें
दही में नमक खाएं या चीनी, क्या कहता है साइंस
हाइलाइट्स
- दही को बिना मिलावट के खाना सबसे लाभकारी है
- नमक मिलाने से प्रोबायोटिक्स का असर कम हो सकता है
- चीनी मिलाने से ब्लड शुगर बढ़ सकता है
ऋषिकेश: दही भारतीय खान-पान का एक अहम हिस्सा है और इसे पोषण और स्वास्थ्य के लिहाज से बेहद फायदेमंद माना जाता है. इसमें मौजूद प्रोबायोटिक्स, कैल्शियम, और प्रोटीन हड्डियों को मजबूत बनाने, पाचन सुधारने और इम्यूनिटी बूस्ट करने में मदद करते हैं. लेकिन जब इसमें नमक या चीनी मिलाई जाती है, तो इसके गुण बदल सकते हैं. विज्ञान और आयुर्वेद दोनों की अलग-अलग राय है कि दही में नमक डालना सही है या चीनी.
Bharat.one के साथ बातचीत के दौरान उत्तराखंड के ऋषिकेश में स्थित कायाकल्प हर्बल क्लिनिक के डॉ राजकुमार (डी. यू. एम) ने कहा कि विज्ञान और आयुर्वेद दोनों के अनुसार, दही अपने प्राकृतिक रूप में सबसे अधिक लाभकारी होता है. वैज्ञानिक दृष्टिकोण से देखा जाए, तो नमक मिलाने से प्रोबायोटिक्स का असर कम हो सकता है, जबकि चीनी ब्लड शुगर बढ़ा सकती है. आयुर्वेद कहता है कि सीमित मात्रा में नमक पाचन के लिए अच्छा होता है, जबकि चीनी बलगम बढ़ा सकती है. इसलिए, सबसे बेहतर विकल्प यह है कि दही को बिना किसी मिलावट के खाया जाए या फिर हेल्दी विकल्पों जैसे सेंधा नमक, गुड़, शहद या फलों के साथ लिया जाए. इससे इसका अधिकतम स्वास्थ्य लाभ उठाया जा सकता है.
दही में नमक मिलाने के फायदे
आयुर्वेद के अनुसार, दही में नमक मिलाना पाचन के लिए अच्छा माना जाता है. यह भूख बढ़ाने, पेट की समस्याओं को दूर करने और भोजन को अधिक सुपाच्य बनाने में मदद करता है. खासकर गर्मियों में दही में सेंधा नमक डालकर खाना लाभदायक माना जाता है, क्योंकि यह शरीर को ठंडक देता है और इलेक्ट्रोलाइट बैलेंस बनाए रखने में मदद करता है.
दही में चीनी मिलाने के फायदे और नुकसान
दही में चीनी मिलाने से इसका ग्लाइसेमिक इंडेक्स (GI) बढ़ जाता है, यानी यह तेजी से पचता है और ब्लड शुगर लेवल को जल्दी बढ़ा सकता है. यह विशेष रूप से डायबिटीज के मरीजों के लिए हानिकारक हो सकता है. चीनी मिलाने से दही का स्वाद मीठा हो जाता है, लेकिन यह वजन बढ़ाने और मेटाबॉलिक डिसऑर्डर का कारण भी बन सकता है. आयुर्वेद में भी दही के साथ चीनी खाने को पूरी तरह से उचित नहीं माना गया है. हालांकि, गर्मी के मौसम में दही में गुड़ या शहद मिलाकर खाना फायदेमंद माना जाता है, क्योंकि यह शरीर को ठंडक देता है. लेकिन ज्यादा मात्रा में चीनी डालने से बलगम (कफ) की समस्या हो सकती है और पाचन तंत्र पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है.
बेहतर विकल्प क्या है?
अगर सेहत को ध्यान में रखा जाए, तो सबसे अच्छा तरीका है कि दही को बिना किसी मिलावट के खाया जाए. अगर स्वाद के लिए कुछ मिलाना ही हो, तो नमक की बजाय सेंधा नमक या काला नमक एक बेहतर विकल्प हो सकता है. वहीं, मीठा पसंद करने वालों के लिए चीनी की जगह शहद, गुड़ या ताजे फलों के साथ दही खाना ज्यादा फायदेमंद होता है. इससे दही का पोषण स्तर बना रहता है और शरीर को अतिरिक्त फायदे भी मिलते हैं.
Rishikesh,Dehradun,Uttarakhand
February 15, 2025, 06:28 IST
Disclaimer: इस खबर में दी गई दवा/औषधि और स्वास्थ्य से जुड़ी सलाह, एक्सपर्ट्स से की गई बातचीत के आधार पर है. यह सामान्य जानकारी है, व्यक्तिगत सलाह नहीं. इसलिए डॉक्टर्स से परामर्श के बाद ही कोई चीज उपयोग करें. Bharat.one किसी भी उपयोग से होने वाले नुकसान के लिए जिम्मेदार नहीं होगा.
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