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सिर्फ फल या फूल नहीं, ये अमलतास है बीमारियों का इलाज, थायराइड और मुंह के छाले भी होंगे दूर – Uttar Pradesh News


Last Updated:

हमारे यहां के लोग आज भी कई बीमारियों में आयुर्वेदिक जड़ी-बूटियों का सहारा लेते हैं. आयुर्वेद के अनुसार हर मर्ज का इलाज संभव है, और ऐसी ही एक औषधि है अमलतास. यह हमारे स्वास्थ्य के लिए बेहद फायदेमंद है, क्योंकि इसके अंदर कई औषधीय गुण मौजूद हैं, जो शरीर के गंभीर रोगों को दूर करने में मदद करते हैं.

अमलतास

वैसे प्रकृति ने हमें कई ऐसे पेड़-पौधे दिए हैं, जो औषधीय गुणों से भरपूर हैं. इन्हीं में से एक है अमलतास का पेड़. यह पेड़ अपने चिकित्सकीय गुणों के लिए जाना जाता है. अमलतास का पेड़ पूरी तरह से औषधीय है. इसका हर हिस्सा स्वास्थ्य के लिए लाभदायक होता है. इसके फल, फूल, पत्ते और तने में विभिन्न प्रकार के औषधीय तत्व पाए जाते हैं, जो हमें कई गंभीर बीमारियों से बचाव में सहायक हैं. साथ ही, यह विभिन्न संक्रमणों से शरीर की रक्षा करने में भी मददगार होता है. आयुर्वेद में भी अमलतास को विशेष महत्व दिया गया है और इसके सेवन से कई रोगों को दूर किया जा सकता है.

अमलतास

जिला अस्पताल बाराबंकी के चिकित्सक, डॉक्टर अमित वर्मा (एमडी मेडिसिन) ने बताया कि अमलतास एक ऐसा पेड़ है जिसके फल, फूल, पत्तियां और जड़ हमारे स्वास्थ्य के लिए काफी फायदेमंद होती हैं. इसमें भरपूर मात्रा में प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट, फाइबर और विटामिन सी जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो हमें कई गंभीर बीमारियों से बचाते हैं. बस इसे सही तरीके से इस्तेमाल करना जरूरी होता है.

अमलतास

अगर आप थायराइड की समस्या से परेशान हैं तो अमलतास के पत्ते आपके लिए फायदेमंद हो सकते हैं. रोज सुबह खाली पेट और शाम को भोजन से पहले 2 से 4 पत्ते चबाकर खाने से कुछ ही दिनों में थायराइड की शिकायत में काफी आराम मिल सकता है.

अमलतास

अगर किसी को अंदरूनी चोट लगी हो या जलन की समस्या हो रही हो, तो अमलतास के पत्तों का इस्तेमाल फायदेमंद हो सकता है. इसके पत्तों का पेस्ट बनाकर गाय के दूध या शहद के साथ मिलाएं और दर्द वाली जगह पर लगाएं. इससे चोट और जलन दोनों में आराम मिलता है.

अमलतास

कब्ज की समस्या में अमलतास की फलियों का गूदा और गुड़ मिलाकर काढ़ा बनाएं और इसका सेवन करें. यह पेट को साफ रखने में मदद करता है और कब्ज की परेशानी को भी दूर करता है.

अमलतास

दाद, खुजली और स्किन पर होने वाली एलर्जी जैसी समस्याओं में अमलतास की फलियों का लेप फायदेमंद होता है. इसके लिए फलियों को अच्छी तरह पीसकर उसमें थोड़ा गुलाब जल या साधारण पानी मिलाएं और प्रभावित हिस्से पर लगाएं. कुछ ही दिनों में यह दाद, खाज और खुजली से राहत दिलाने में मदद करता है.

अमलतास

गठिया, जोड़ों में दर्द, कमर में दर्द और सूजन जैसी समस्याओं में अमलतास का पौधा बेहद फायदेमंद है. एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर इसकी 15-20 पत्तियों को नियमित रूप से घी में तलकर सेवन करने से गठिया और संबंधित दर्द से राहत मिल सकती है.

अमलतास

मुंह के छालों में अमलतास की फली बेहद फायदेमंद है. इसे धनिये के साथ पीसकर थोड़ी कत्था मिलाकर चूसें, या केवल इसके गूदे को मुख में रखकर चूसने से छाले जल्दी ठीक हो जाते हैं.

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ये पेड़ नहीं, स्वास्थ्य का खजाना…जानें कैसे खत्म करता है कब्ज, गठिया, जानें


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https://hindi.news18.com/photogallery/lifestyle/health-amaltas-medicinal-benefits-revealed-relief-from-thyroid-to-arthritis-know-more-benefits-local18-ws-kl-9577610.html

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