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इस फल के बिना अधूरी है मां लक्ष्मी की पूजा! दिवाली पर बढ़ जाता है महत्व, साल भर खुशहाल रहता है परिवार

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जयपुर. हिंदू धर्म शास्त्रों के अनुसार दीपावली के पर्व को अंधकार पर प्रकाश की जीत के रूप में मनाया जाता है. इस दिन लोग अपने घरों को दीपों और रंगोली से सजाते हैं. इस दिन हर घर में सदस्य नए कपड़े पहनते हैं. दीपावली पर्व पर लक्ष्मी जी की पूजा सबसे खास मानी जाती है. हिन्दू शास्त्रों में बताया गया है कि दीपावली पर्व पर लक्ष्मी पूजा घर में समृद्धि व खुशहाली के लिए की जाती है.

लक्ष्मी को धन की देवी माना जाता है. इसलिए इस दिन लक्ष्मी मां की विशेष पूजा होती है. धर्म शास्त्री चंद्र प्रकाश बताते हैं कि दिवाली पर लक्ष्मी मां के पूजन के दौरान उनकी कई प्रिय वस्तुएं भी रखी जाती है. उन्हीं में से एक गन्ना भी है. ऐसी मान्यता है कि महालक्ष्मी पूजन के दौरान दो गन्ने की पूजा करने से लक्ष्मी मां हमेशा के लिए घर में ही वास करती हैं. क्योंकि मां लक्ष्मी को गन्ना सबसे प्रिय है. दीपावली पर गन्ने की पूजा इसलिए की जाती है क्योंकि मां लक्ष्मी को गन्ना बहुत पसंद है. मान्यता है कि गन्ने की पूजा करने से मां लक्ष्मी हमेशा के लिए घर में वास करती हैं.

दीपावली पूजा में कैसे करें गन्ने का प्रयोग
धर्म विशेषज्ञ चंद्रप्रकाश ढांढण ने बताया कि दीपावली पर मां लक्ष्मी की पूजा में दो गन्ने रखना शुभ माना जाता है. मां लक्ष्मी की पूजा में गन्ने के रस से अभिषेक करना शुभ होता है. गन्ने को पूरी रात लक्ष्मी पूजन के अन्य सामग्री के साथ रखना चाहिए और अगले दिन इसे घर में परिवार के सबसे छोटे सदस्यों को भोजन के रूप में खिलाना चाहिए.

क्या है लक्ष्मी पूजन में गाना रखने की परंपरा
धर्म विशेषज्ञ चंद्र प्रकाश ढांढण ने बताया कि हिंदू धर्मशास्त्र के अनुसार ऐसी मान्यता है कि महालक्ष्मी का एक रूप गजलक्ष्मी भी है और हाथी का गन्ना सबसे प्रिय फल होता है. इसलिए दीपावली के दिन गन्ने की पूजा की जाती है और गन्ने को प्रसाद के रूप में ग्रहण करना चाहिए. दीपावली पर लक्ष्मी के साथ भगवान गणेश की भी पूजा शुभ मानी जाती है. भगवान गणेश को बुद्धि और विवेक के देवता के रूप में पूजा जाता है.

FIRST PUBLISHED : October 28, 2024, 11:17 IST

Disclaimer: इस खबर में दी गई जानकारी, राशि-धर्म और शास्त्रों के आधार पर ज्योतिषाचार्य और आचार्यों से बात करके लिखी गई है. किसी भी घटना-दुर्घटना या लाभ-हानि महज संयोग है. ज्योतिषाचार्यों की जानकारी सर्वहित में है. बताई गई किसी भी बात का Bharat.one व्यक्तिगत समर्थन नहीं करता है.

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