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क्या साल 2024 की तरह 2025 में भी होली की डेट पर फंसा पेच? काशी के ज्योतिषी से जानें सही तारीख

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Agency:Bharat.one Uttar Pradesh

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Holi-2025 date : क्या इस साल भी 2024 की तरह होली की तारीख को लेकर पेंच फंस गया है. धार्मिक मान्यता के अनुसार होलिका दहन के ठीक अगले दिन होली मनाई जाती है. फाल्गुन पूर्णिमा की शुरुआत 13 मार्च को सुबह 10 बजे के ब…और पढ़ें

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कब

कब मनाई जाएगी होली

हाइलाइट्स

  • होलिका दहन 13 मार्च को होगा.
  • काशी में होली 14 मार्च को मनाई जाएगी.
  • देश के अन्य हिस्सों में होली 15 मार्च को होगी.

वाराणसी: रंगों के त्योहार होली का उत्सव देशभर में धूमधाम से मनाया जाता है. होली के इस उत्सव को लेकर 2024 की तरह इस बार भी भारी महाकंफ्यूजन की स्थिति है .अलग-अलग कैलेंडर और पंचांग में होली की तारीख कहीं 14 तो कहीं 15 मार्च बताई जा रही है .आइए जानते हैं काशी के ज्योतिषाचार्य से इस बार होली का महापर्व कब और किस दिन मनाया जाएगा.

काशी के ज्योतिषाचार्य पण्डित संजय उपाध्याय ने बताया कि वैदिक पंचांग के अनुसार,इस बार फाल्गुल पूर्णिमा तिथि की शुरुआत 13 मार्च को सुबह 11 बजकर 2 मिनट पर हो रही है जो अगले दिन 14 मार्च को 11 बजकर 11 मिनट पर समाप्त होगा. वैसे तो तिथियों का मान उदयातिथि के हिसाब से होता है. लेकिन शास्त्रों में होलिका दहन के  लिए रात्रिकालीन पूर्णिमा का विधान है. ऐसे में पूरे देश में होलिका दहन 13 मार्च को होगा.

कब है होली?
वहीं बात होली की करें तो होली का पर्व चैत्र कृष्ण प्रतिपदा को मनाया जाता है . चैत्र कृष्ण प्रतिपदा तिथि की शुरुआत 14 मार्च को दोपहर 12 बजकर 15 मिनट से हो रही जो अगले दिन 12 बजकर 48 मिनट तक रहेगा. ऐसे में उदयातिथि के हिसाब से 15 मार्च को होली मनाई जाएगी. जबकि होलिका दहन 13 मार्च को होगा.

काशी में 14 मार्च को होली
इस बार होली देश में अलग-अलग दो तारीखों पर मनाई जाएगी. काशी में परंपरा के अनुसार 14 मार्च को होली मनाई जाएगी जबकि देश के अन्य जगहों पर 15 मार्च को मनाई जाएगी. मान्यता है कि होलिका दहन के अगले दिन काशी में चौसट्टी देवी की यात्रा निकाली जाती है. इसी दिन काशी में होली की परंपरा है.

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क्या साल 2024 की तरह 2025 में भी होली की डेट पर फंसा पेच?

Disclaimer: इस खबर में दी गई जानकारी, राशि-धर्म और शास्त्रों के आधार पर ज्योतिषाचार्य और आचार्यों से बात करके लिखी गई है. किसी भी घटना-दुर्घटना या लाभ-हानि महज संयोग है. ज्योतिषाचार्यों की जानकारी सर्वहित में है. बताई गई किसी भी बात का Bharat.one व्यक्तिगत समर्थन नहीं करता है.

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