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Basant Panchmi 2025 Exact Date: हिन्दू धर्म में माघ महीने के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को बसंत पंचमी मनाई जाती है. इस साल तिथि को लेकर असमंजस बना हुआ है. उज्जैन के ज्योतिष आचार्य अमर डब्बावाला ने बताया इस बार बस…और पढ़ें
बसंत पंचमी
शुभम मरमट / उज्जैन: 2 या 3 फरवरी कब मनाया जाएगा बसंत पंचमी का पर्व? उज्जैन के ज्योतिष ने दूर किया भ्रम. हिंदू धर्म में हर तिथि व हर वार का अलग धार्मिक महत्व है. इसी प्रकार माघ महीने का भी अत्यधिक महत्व है. अभी माघ महीने की शुरुआत हो चुकी है. माघ के महीने में कई बड़े पर्व और त्यौहार भी मनाए जाते हैं. उन्ही में से एक बसंत पंचमी का त्यौहार भी है. बसंत पंचमी के दिन माता सरस्वती की पूजा आराधना की जाती है. माता सरस्वती को विद्या की देवी के रूप में पूजा जाता है. माना जाता है कि बसंत पंचमी के दिन ही ज्ञान की देवी माता सरस्वती प्रकट हुई थीं. हर साल बसंत पंचमी माघ महीने के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को मनाया जाता है. इस बार तिथि को लेकर लोगो में भ्रम बना हुआ है कि किस दिन ज्ञान की देवी सरस्वती माता की पूजन की जाए. उज्जैन के ज्योतिषाचार्य अमर डबावाला ने यह भ्रम दूर किया है. आइए जानते है. बसंत पंचमी कब मनाई जाएगी.
कब मनाई जाएगी बसंत पंचमी
ज्योतिषाचार्य पंडित अमर डबावाला ने बताया कि उज्जैन पंचांग के अनुसार माघ महीने की शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि की शुरुआत 02 फरवरी रविवार सुबह 11 बजकर 53 मिनट के बाद से हो रही है और समापन अगले दिन यानी 03 फरवरी सोमवार सुबह 09 बजकर 36 मिनट में होने वाला है. उदयातिथि के अनुसार 03 फरवरी को बसंत पंचमी का त्यौहार यानी सरस्वती पूजा मनाया जाएगा.
बसंत पंचमी पर होती हैं मां सरस्वती की पूजा
ज्योतिष अमर डबावाला ने बताया कि ज्ञान की देवी मां सरस्वती माघ माह की शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को ही ब्रह्माजी के मुख से प्रकट हुई थीं. इसलिए, बसंत पंचमी के दिन मां सरस्वती की पूजा की जाती है. सरस्वती मां को ज्ञान की देवी कहा जाता है. इस दिन पूरे विधि-विधान से मां सरस्वती की पूजा करने से वो प्रसन्न होती है. मां सरस्वती का विधिपूर्वक स्मरण व पूजा करने से भक्त को बुद्धि और विद्या का वरदान मिलता है.
Ujjain,Madhya Pradesh
January 24, 2025, 17:09 IST
2 या 3 फरवरी कब मनाया जाएगा बसंत पंचमी का पर्व? उज्जैन के ज्योतिष से जानें
















