Home Astrology Wife sleeping position as per shastra। पत्नी को पति के किस तरफ...

Wife sleeping position as per shastra। पत्नी को पति के किस तरफ सोना चाहिए

0
2


Sleeping Rule: अक्सर घरों में छोटे-छोटे सवाल बड़े भ्रम का कारण बन जाते हैं. खासकर शादीशुदा जीवन से जुड़े नियमों को लेकर लोगों के मन में कई तरह की बातें चलती रहती हैं. ऐसा ही एक सवाल बहुत सी माताओं और बहनों ने यज्ञाचार्य मनोज शर्मा जी से पूछा कि पत्नी को सोते समय पति के दाएं तरफ सोना चाहिए या बाएं तरफ. यह सवाल साधारण लग सकता है, लेकिन शास्त्रों में इसके लिए साफ नियम बताए गए हैं. ज्योतिषाचार्य रवि पराशर ने इस विषय को शास्त्र प्रमाण के साथ समझाया है और साफ कहा है कि वह अपनी तरफ से कुछ नहीं बताते, जो भी कहते हैं शास्त्र के अनुसार ही बताते हैं. शादी, पूजा-पाठ, भोजन, अभिषेक और रोजमर्रा के जीवन में स्त्री और पुरुष की स्थिति को लेकर हमारे शास्त्रों में अलग-अलग नियम बनाए गए हैं. इन नियमों का उद्देश्य जीवन में संतुलन और मर्यादा बनाए रखना बताया गया है. इस आर्टिकल में उसी जानकारी को सरल भाषा में समझाया गया है, ताकि पढ़ने वाला बिना उलझन के यह समझ सके कि पत्नी को सोते समय पति के किस तरफ रहना चाहिए और किन मौकों पर दाएं या बाएं तरफ का नियम लागू होता है. आइए जानते हैं ज्योतिषाचार्य रवि पराशर से.

शास्त्र क्या कहते हैं पत्नी के सोने की दिशा के बारे में
शास्त्रों के अनुसार विवाह संस्कार के समय पत्नी को हमेशा पति के बाएं तरफ बैठाया जाता है. मांग भरने की विधि भी पति के बाएं पक्ष से ही होती है. इसका मतलब साफ है कि विवाह के समय से ही स्त्री का स्थान बाएं पक्ष में माना गया है.

इसी नियम को सोने के समय भी लागू बताया गया है. शास्त्र कहता है कि जब पति-पत्नी सोते हैं, तब पत्नी को हमेशा पति के बाएं तरफ ही सोना चाहिए. ऐसा करने से आपसी प्रेम बढ़ता है, जीवन में मनमुटाव नहीं होता और दांपत्य जीवन सुखमय बना रहता है. शास्त्र वचन के अनुसार इससे ऐश्वर्य, धन और मनोकामनाओं की पूर्ति होती है.

पूजा, अभिषेक और अन्य क्रियाओं में बाएं तरफ का नियम
-शास्त्रों में सिर्फ सोने ही नहीं, बल्कि कई अन्य कामों में भी बाएं तरफ का नियम बताया गया है. जब पूजा-पाठ के बाद कलश के जल से अभिषेक किया जाता है, उस समय भी बाएं तरफ रहना बताया गया है.
-इसी तरह जब किसी बड़े के चरण धोए जाते हैं, तब भी बाएं तरफ रहना शास्त्र अनुसार माना गया है. भोजन करते समय भी पत्नी को पति के बाएं तरफ बैठने का नियम बताया गया है. ये सभी बातें शास्त्र प्रमाण के रूप में बताई गई हैं.

Wife sleeping

दाएं तरफ कब रहना चाहिए पत्नी को
शास्त्र यह भी बताते हैं कि कुछ खास कामों में पत्नी को पति के दाएं तरफ रहना चाहिए. सभी मांगलिक कार्यों में, जैसे यज्ञ, हवन, मूर्ति स्थापना, पूजा-पाठ और दूसरे शुभ कार्यों में पत्नी का स्थान पति के दाएं तरफ माना गया है.
यानि रोजमर्रा के जीवन और सोने-भोजन जैसे कामों में बाएं तरफ का नियम है, जबकि धार्मिक और मांगलिक कार्यों में दाएं तरफ रहने की परंपरा बताई गई है.

वामांगी कहलाने का शास्त्रीय कारण
शास्त्रों में स्त्री को वामांगी कहा गया है. इसके पीछे भी एक शास्त्रीय मान्यता बताई गई है. कहा जाता है कि जब ब्रह्मा जी ने सृष्टि की रचना की, तब दाहिने भाग से पुरुष की उत्पत्ति हुई और बाएं भाग से स्त्री की उत्पत्ति हुई. इसी वजह से स्त्री को वामांगी कहा गया और उसका स्थान बाएं पक्ष में माना गया.

Wife sleeping

रवि पराशर के अनुसार, यह सारी जानकारी शास्त्रों पर आधारित है. इसमें किसी तरह की अपनी राय या कल्पना शामिल नहीं है. इसलिए माताओं और बहनों को शास्त्रों के अनुसार चलते हुए सोते समय हमेशा पति के बाएं तरफ ही सोना चाहिए और मांगलिक कार्यों में दाएं तरफ रहने का नियम ध्यान में रखना चाहिए.


.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.
.

https://hindi.news18.com/astro/astro-tips-which-side-wife-should-sleep-husband-shastra-rules-patni-ko-pati-kis-taraf-sona-chahiye-ws-el-9968830.html

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here