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पति-पत्नी के बीच रोज होते हैं झगड़े, कर लें ज्योतिष के 4 आसान उपाय, घर में आएगी सुख-शांति!


Grah Kalesh Ke Upay In Hindi: जिस घर में ज्यादातर समय पारिवारिक सदस्यों में बहसबाजी या लड़ाई झगड़े होते हैं, वहां महालक्ष्मी कभी वास नहीं करतीं और घर में कोई ना कोई समस्या बनी रहती है. परिवार जीवन का अभिन्न अंग होता है, जहां बिना शर्त प्रेम, सुरक्षा और अधिकार आदि ऐसी चीजें मिलती हैं, जो दूसरी जगह नहीं मिल पातीं. लेकिन जब इस तरह की जगह पर लड़ाई-झगड़ा आम बात हो जाती है, तब यही जगह किसी शिविर या धर्मशाला जैसी बन जाती है. रिश्तों की डोर बहुत नाजुक होती है, फिर चाहे वह पति-पत्नी हों, सास-बहू हों, पिता पुत्र हों या फिर भाई-भाई, इनके बीच कभी न कभी आपस में टकराव हो ही जाता है. यदि बात नोकझोंक तक सीमित रहे तो ठीक, लेकिन यदि कलह का रूप लेने लगे तो पारिवारिक वातावरण तनावपूर्ण हो जाता है.

गृह कलह की कोई न कोई वजह जरूर होती है, जैसे पति-पत्नी के तनाव का मुख्य कारण उनके घरवालों को लेकर उत्पन्न कलह होती है. कलह के कारण कई बार तो दाम्पत्य जीवन में तनाव इतना बढ़ जाता है कि तलाक तक की नौबत आ जाती है. इससे बचाव का एक सरल सा रास्ता यह है कि जब भी आप अपने लड़के या लड़की के गुणों का मिलान कराएं तो गुणों के साथ-साथ पत्री पर भी ध्यान दें. कई बार कलह बच्चों के जन्म को लेकर भी होता है, जिसकी वजह से गृह क्लेश काफी बढ़ जाता है. ज्योतिष शास्त्र में पारिवारिक कलह को दूर करने के लिए कुछ उपाय बताए गए हैं. इन उपायों के करने से परिवार में सुख-शांति का माहौल रहेगा और मां लक्ष्मी की भी कृपा बनी रहेगी. आइए जानते हैं पारिवारिक कलह को दूर करने के इन ज्योतिष उपाय के बारे में.

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दाम्पत्य जीवन में कलह के मुख्य कारण

1- लड़के या लड़की की पत्री में सप्तम भाव में शनि का होना या गोचर करना.

2- किसी पाप ग्रह की सप्तम या अष्टम भाव पर दृष्टि होना या राहु, केतु अथवा सूर्य का वहां बैठना.

3- पति-पत्नी की एक सी दशा या शनि की साढ़ेसाती का चलना भी कलह एवं तलाक का एक कारण होता है.

4- शुक्र की गुरु में दशा का चलना या गुरु में शुक्र की दशा का चलना भी एक कारण है.

गृह कलेश शांति के उपाय

1- अगर कलह का कारण शनि ग्रह से संबंधित है तो शनि ग्रह की शांति कर सकते हैं. शनि यंत्र पर जप कर सकते हैं और शनि की वस्तुओं का दान भी कर सकते हैं. इसके अतिरिक्त सात मुखी रुद्राक्ष भी धारण कर सकते हैं. यह उपाय शनिवार को सायंकाल के समय करना ठीक होता है.

2- अगर गृह कलह राहु से संबंधित हो तो राहु यंत्र पर राहु के मंत्र का जप करें एवं 8 मुखी रुद्राक्ष धारण करें. यह सभी प्रकार की कलह व बाधाओं से मुक्त करता है और राहु के दुष्प्रभाव का निवारण करता है. इसके लिए राहु का दान भी कर सकते हैं.

3- अगर गृह क्लेश का कारण केतु ग्रह हो तो उसकी वस्तुओं का दान एवं उसके मंत्र का जप करें, केतु यंत्र पर पूजा करें, गणेश मंत्र का जप करें तथा 9 मुखी रुद्राक्ष भी धारण कर सकते हैं.

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सास-बहू के बीच क्लेश दूर करने का उपाय
यदि परिवार में सास-बहू के मध्य हमेशा झगड़ा होता रहता हो, जिसके कारण परिवार में कलह की स्थिति बनी रहती हो तो निम्न मंत्र का 21 दिनों तक प्रति दिन 11 माला जप करने से कलह से मुक्ति मिलती है.

मंत्र: ऊँ शांति

वर-वधू में प्यार के लिए
साबुत काले चने में हरी मेहंदी मिला कर जिस दिशा में वर-वधू का घर हो उस तरफ फेंकें तो वर-वधू में प्यार बढ़ेगा और क्लेश समाप्त होगा, यह क्रिया शादी के समय भी कर सकते हैं.

पति की अप्रसन्नता को दूर करने का उपाय
यदि पति हमेशा अप्रसन्न रहता हो, पत्नी की बातों पर ध्यान न देता हो, हमेशा खोया-खोया सा रहता हो, जिसके कारण वैवाहिक जीवन में कलह उत्पन्न हो रही हो तथा सारे प्रयत्न निष्फल हो रहे हो तो पत्नी-पति की अनुकूलता के लिए श्रद्धा विश्वास पूर्वक भगवान शंकर एवं माता पार्वती का ध्यान करके सोमवार से निम्न मंत्र का एक माला जप करे.

मंत्र: ऊँ क्लीं त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पतिवेदनम्.
उर्वारुकमिव बन्धनादितो मुक्षीय मामृतात् क्ली ऊँ

यदि पति-पत्नी के बीच छोटी-छोटी बातों को लेकर हमेशा झगड़ा होता रहता हो तथा इस कारण से पारिवारिक कलह बनी रहती हो तो निम्न उपाय करने से लाभ होगा.

शुद्ध स्फटिक से बने शिवलिंग की प्राण प्रतिष्ठा करवाकर अपने घर में स्थापित करें. 41 दिन तक नित्य शिवलिंग पर गंगा जल एवं बेल पत्र चढ़ाएं. उसके पश्चात् निम्न मंत्र का नित्य 5 माला जप करें.

ऊँ नमः शिवशक्तिस्वरूपाय मम गृहे शांति कुरु कुरु स्वाहा.

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