ठंड के दस्तक देते ही गया की गलियों में तिल कि सोंधी खुशबू की महक तेजी से आने लगी है. गया शहर के रमना रोड, स्टेशन रोड और टिकारी रोड में 200 से भी अधिक ऐसे दुकान है, जहां तिल, चीनी और गुड़ से तिलकुट तैयार किया जा रहा है. यह वही तिलकुट है, जिसकी उत्पत्ति गया जिले से ही मानी जाती है और आज पूरे देश भर में प्रसिद्ध है. आज के दिन में तिलकुट के व्यवसाय से गया में लगभग 1000 लोग जुड़े हुए हैं और इससे 5000 लोगों का परिवार चल रहा है. 15 नवंबर से इसका निर्माण शुरू हो जाता है, जो मकर संक्रांति तक चलता है. 2 से 3 महीने का इसका बाजार होता है. (रिपोर्टः कुन्दन/ गया)
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https://hindi.news18.com/photogallery/lifestyle/recipe-makar-sankranti-2024-history-of-tilkut-benefits-and-making-process-local18-8898218.html
