Hanuman Ji Famous Temple Gonda: उत्तर प्रदेश के गोंडा नगर में हनुमान जी का एक ऐसा मंदिर स्थित है, जिसका इतिहास काफी पुराना और रोचक है. Bharat.one से बातचीत के दौरान मंदिर के पुजारी पंडित सुनील कुमार मिश्रा बताते हैं कि इस मंदिर का निर्माण लगभग 200 वर्ष पहले हुआ था. लोगों का मानना है कि इस मंदिर पर जो भक्ति 5 मंगलवार को आकर हनुमान जी का दर्शन करता है उसकी सारी मनोकामना पूर्ण होती है.
क्या है मंदिर का मान्यता
पुजारी सुशील मिश्रा बताते हैं कि जिस किसी को बच्चा नहीं होता है, नौकरी नहीं लगती है, वह इस मंदिर पर पांच मंगलवार जाकर हनुमान जी का दर्शन करता है तो उसकी मनोकामना पूर्ण होती है.
कैसे हुआ मंदिर का निर्माण
पुजारी सुशील मिश्रा बताते हैं कि पहले स्टेट हुआ करता था तो धानेपुर स्टेट की रानी यहां पर आकर पीपल के पेड़ पर जल अभिषेक करती थीं. अचानक एक दिन किसी जहरीले जानवर ने काट लिया उससे वह मूर्छित हो गई. राजा ने यहां खुदाई शुरू कराई तो पीपल के पेड़ से हनुमान जी प्रकट हुए और फिर इस मंदिर का निर्माण हुआ.
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अयोध्या की हनुमानगढ़ी और इस मंदिर में अंतर
पुजारी बताते हैं कि इस मंदिर को बनाने के लिए अयोध्या में जाकर हनुमानगढ़ जैसा नक्शा बनवाया गया. उसके बाद गोंडा में आकर इस प्रकार से गोंडा हनुमानगढ़ का निर्माण हुआ. गोंडा के हनुमानगढ़ी मंदिर और अयोध्या के हनुमानगढ़ी मंदिर में केवल एक अंतर है कि गोंडा के हनुमानगढ़ी मंदिर में स्थित हनुमान जी का दर्शन रास्ते से हो जाता है और अयोध्या में अंदर जाकर हनुमान जी का दर्शन होता है.
हनुमानगढ़ी मंदिर पर साल में एक बार विशाल भंडारे का आयोजन किया जाता है. इसमें देशभर के साधु संत आते हैं. भंडारा हनुमान जयंती के उपलक्ष में किया जाता ह.
FIRST PUBLISHED : December 15, 2024, 15:36 IST
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