देवघर: हिंदू धर्म में अक्षय नवमी का बेहद खास महत्व है. इस दिन को आंवला नवमी के नाम से भी जाना जाता है. इस दिन व्रत रखकर आंवला पेड़ के नीचे पूजा की जाती है. अक्षय नमवी का महत्व अक्षय तृतीया के समान होता है. इस दिन भी कोई नए कार्य की शुरुआत की जा सकती है. मान्यता है कि अक्षय नवमी के दिन भगवान विष्णु की पूजा करने से अक्षय फल की प्राप्ति होती है. तो आइए देवघर के ज्योतिषाचार्य से जानते हैं इस बार अक्षय नवमी पर क्या खास हो रहा है.
देवघर के प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य पंडित नंदकिशोर मुद्गल ने Bharat.one को बताया कि हर साल कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि के दिन अक्षय नवमी का व्रत रखा जाता है. इस दिन को आंवला नवमी के नाम से भी जाना जाता है. इस साल 10 नवंबर को अक्षय नवमी का व्रत रखा जाएगा. अक्षय नवमी के दिन भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा की जाती है. साथ ही आंवला पेड़ की भी पूजा की जाती है. पुराणों के अनुसार इसी दिन से सतयुग की शुरुआत हुई थी.
अक्षय नवमी के दिन करें धन के लिए ये उपाय
ज्योतिषाचार्य बताते हैं कि अक्षय नवमी के दिन गुप्त दान का विशेष महत्व है. उस दिन आंवले पेड़ के नीचे पूजा कर एक कोहड़े में धन रखकर किसी ब्राह्मण को दान करें. इसके साथ ही किसी ब्राह्मण को आंवला पेड़ के नीचे भोजन अवश्य करना चाहिए. इससे घर में सुख समृद्धि की वृद्धि होगी और नकारात्मक ऊर्जा समाप्त होगी. दूसरा उपाय ये कि अक्षय नवमी के दिन घर की उत्तर या पूर्व दिशा में आंवला का पौधा लगाएं, इससे घर का वास्तु दोष समाप्त हो जाएगा.
FIRST PUBLISHED : November 9, 2024, 16:34 IST
Disclaimer: इस खबर में दी गई जानकारी, राशि-धर्म और शास्त्रों के आधार पर ज्योतिषाचार्य और आचार्यों से बात करके लिखी गई है. किसी भी घटना-दुर्घटना या लाभ-हानि महज संयोग है. ज्योतिषाचार्यों की जानकारी सर्वहित में है. बताई गई किसी भी बात का Bharat.one व्यक्तिगत समर्थन नहीं करता है.
